ग्राहक की बीवी की चुदाई

हेलो दोस्तों, मेरा नाम रोहन  है और मैं इस कहानी में आप लोगों को बताऊंगा की कैसे मैंने अपने ग्राहक की बीवी को चोदा।  चलिए शुरू करता हूँ।

बात पिछले साल की है जब मैंने अपने थोक किराने के एक ग्राहक हो उधर पर सामन दिया था।  वो मुझसे ही बेईमानी करने लगा और उधार का पैसा खाकर बैठ गया।  मैंने जब उससे पूछा पैसे के लिए तो वो बोला – मैं तो दारु पी गया।  मुझे गुस्सा आ गया।  मैंने सोचा की अब सीधा उसके घर पर जाकर उससे वसूलता हूँ।  ये सोचकर मैं उसके घर गया।  उसके घर पर जैसे ही मैं गया , वो डर कर घर के अंदर चला गया।  मैं भी पीछे पीछे अंदर गया तो आँगन में उसकी बीवी दिखाई दी।  उसकी बीवी क्या माल थी दोस्तों। बीस की उम्र और उस पर गोरी चमड़ी कहर ढा रही थी।  मैंने उससे बोला- अपने पति को बाहर भेजो जल्दी से।  वो रोने लगी और बोली – साहब, वो सारा पैसा दारु में उड़ा चुके हैं।  अब आप को देने के लिए पैसे ही नहीं हैं उनके पास।  मैं बोला –  मैंने पैसे दिए हैं और मुझे वो वापस चाहिए।  वो बोली – आप मुझसे जो चाहते हैं, ले लीजिये लेकिन उनका पैसा छोड़ दीजिये।  मैंने बोला – चलो, अंदर चल के उसके सामने बात करते हैं।  मैं और उसकी बीवी अंदर गए।

मैं अपने ग्राहक से बोला – देख, मुझे पैसे तो चाहिए लेकिन तेरी बीवी बोल रही है की वो मुझे जो चाहिए, देगी अगर मैं तेरे पैसे माफ़ कर दूँ तो।  बोल तुझे मंजूर है ? वो मान गया और बोला – साहब, आप जो चाहे ले लो।  मैंने बोलै- सोच ले।  वो बोला –  हाँ साहब।  मैंने बोला – देख, मुझे तेरी बीवी चाहिए उतनी रातों के लिए जितने हजार रुपये तूने मेरे लिए हैं।  वो गुस्सा करने लगा।  मैंने उसको  बोला – एक तो पैसे मार के बैठा है ऊपर से ऐसे आँख दिखा रहा है।  अब वो थोड़ा नरम हुआ और अपनी बीवी से बात करने लगा।  उसकी बीवी रोये जा रही थी।  उसकी बीवी बड़ी मुश्किल से तैयार हो गयी।  मैंने बोला – रात में आ जाना मेरे घर पर।  वो मान गयी।

रात के लगभग १० बजे जब गाँव में सब सो जाते हैं, मेरे घर की कुण्डी बजी।  मैं समझ गया की उसकी बीवी होगी। मैंने दरवाजा खोला और उसको अंदर बुला लिया।  फिर मैंने उसका हाँथ पकड़ा और उसे अपनी तरफ खींच लिया और ज़ोर से उसको अपनी बाहों में जकड़ लिया | फिर मैंने उसको किस किया।  वो रोए जा रही थी।  मैंने बोला – रो मत, मैं खा नहीं जाऊंगा तुझे।  थोड़ा साथ दे तो मजा आएगा।  मेरे समझाने पर वो मान गयी। उसके बाद मैंने उसको घुमाया और पीछे से उसको पकड़ लिया और उसके बाल किनारे करके उसकी गर्दन को चूमने लगा | मैंने उसकी गर्दन चूमी और पीछे से उसकी ड्रेस की चैन खोल दी और उसकी पीठ चूमने लगा | फिर मैंने उसके पूरे कपड़े उतारे और उसको बिस्तर पर लेटा दिया |

उसका तराशा हुआ बदन देख कर मेरा लंड  एकदम सीधा खड़ा हो गया।  मैंने अपने कपड़े भी उतारे और उसके बाजू में लेट के उसको किस करने लगा | फिर उसकी छाती को चूमते हुए मैं उसके दूध तक पहुंचा और उसके दूध चूसने लगा | मैं थोड़ी देर तक सिर्फ उसके दूध ही चूसता रहा और वो मेरे बाल सहलाती रही | बातों बातों में उसने बताया की वो अपने पति की दूसरी पत्नी है और उसकी शादी उसके बाप ने जबरदस्ती की है। मैंने सोचा – चलो, मैं भी इसे खुश कर दूंगा आज। फिर मैंने उसकी चूत पर हाँथ रखा और रगड़ने लगा | उसकी चूत बहुत गरम थी मानो मैंने किसी तवे पे हाँथ रख दिया हो लेकिन गर्मी अपनी जगह और मज़ा अपनी जगह | फिर वो बिस्तर पर लेट गई और मैंने उसकी चूत में ऊँगली करना शुरू कर दिया | उसकी चूत से पानी भी निकल रहा था जो मेरी उँगलियों पर लगा था और वही ऊँगली मैंने उसके मुँह में डाल दी और वो चूसने भी लगी | फिर मैंने उसकी चूत में लंड डाला और एक बार में ही पूरा अन्दर घुसा दिया | जैसे ही मेरा लंड अन्दर घुसा उसकी चीख निकल गई तो मैंने डर के मारे अपना लंड बाहर निकाला और उसको किस कर दिया और थोडा लंड डाल के ही उसको चोदना शुरू किया और वो अह्ह्ह अहह ह्ह्ह अह्ह्ह अह्हह हहह अह्ह्ह अहह आआ आआ अहह अह्ह्ह आआ आआ ह्ह्ह्ह अह्ह्ह्ह करती रही |

उसकी चूत बहुत कासी थी।  शायद मेरे ग्राहक से कुछ होता नहीं होगा और वो बीएस दारू पि कर पड़ा रहता होगा।  ऐसी चूत चोदने में जो मज़ा आ रहा था वो काबिले तारीफ था | फिर मैं उसको उसी तरह चोदता रहा और वो अह्ह्ह अहह ह्ह्ह अह्ह्ह अह्हह हहह अह्ह्ह अहह आआ आआ अहह अह्ह्ह आआ आआ करती रही | मेरा माल झड़ने को हुआ तो मैंने बाहर निकाला और उसके पेट पर गिरा दिया।

दोस्तों, बात टी हजार रुपये हर रात के हिसाब से हुई थी।  मुझे पता था की मेरे ग्राहक को हिसाब नहीं याद होगा।  मैंने उसकी बीवी जो मेरे सामने नंगी लेती थी, से पूछा – मजा आया तो हिसाब बढ़ा दूँ ? वो शरमाते हुए बोली – अब तो करोड़ों में कर दो हिसाब और ऐसे ही मुझे बुलाते रहो।  मैं हंस पड़ा।  उस दिन के बाद से मैं आज भी हिसाब के बहाने उस को चोदता हूँ।